पिलेश्वरी छत्तीसगढ़ी गीत लिरिक्स 3 min read 474 words 5 views https://youtu.be/wuj_lUtbnlc तोर पचरा गाँहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म तोर जस ल गाँहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म आजा न आजा मोर ठांव म दाई ।।2।। सुरती म सजाहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म तोर जस ल गाँहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म मंय अव छत्तीसगढ़िया दाई जग जवारा बोथव वो ।।2।। जिनगी म उजियार के खातिर तोर मया ल संजोथव वो तोर मया ल संजोथव दाई ।।2।। मोर मुड़ी तंय हा ढ़ाकबे ए दाई ।।2।। तोर अचरा ल पाँहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म तोर जस ल गाँहु वो दाई आजा न आजा मोर ठांव म पसर नई राखव तोर आगु म ,कुछु मनोती नई माँगव करम के फल तो सब झन पाथे तोर ले तुहि ल मंय माँगव तोर ले तुहि ल मंय माँगव ।।2।। तोर रूप म महतारी ल पाएव वो दाई ।।2।। बेटी रूप तोला पाँवव दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म तोर जस ल गाँहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म हिरदय के हंसा तोला बलाथे, आना बईठ जुड़ा ले न शक्ति भक्ति मुक्ति खातिर ,दाई के कोरा थिराले न दाई के कोरा थिरा ले न ।।2।। ईश्वर बन्धी तोर कोरा म वो दाई कान्तिकार्तिक तोर अंचरा सब सुख ल पावय वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म तोर जस ल गाँहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म आजा न आजा मोर ठांव म दाई ।।2।। सुरती म सजाहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म तोर जस ल गाँहु वो दाई ए दाई आजा न आजा मोर ठांव म ।।4।। गीत : ईश्वर साहु “बंधी” संगीत : ओ. पी. देवांगन स्वर : कान्तिकार्तिक यादव Log in to clap and saveWritten byपिलेश्वरीJoin to follow writers Prev Post आरुग हे कलसा दाई. Next Post नौ दिन नवरात जागव.